रोहित शर्मा को ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ बनाने पर भड़के मनोज तिवारी, मुंबई इंडियंस के नए कप्तान को लेकर की बड़ी भविष्यवाणी
मुंबई इंडियंस (Mumbai Indians) के पूर्व कप्तान रोहित शर्मा (Rohit Sharma) को लेकर इस समय भारतीय क्रिकेट जगत में गंभीर बहस छिड़ गई है। भारत और कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के पूर्व बल्लेबाज मनोज तिवारी (Manoj Tiwary) ने मुंबई इंडियंस के थिंक-टैंक पर तीखा हमला बोला है। तिवारी का मानना है कि पांच बार के चैंपियन कप्तान रोहित शर्मा के अनुभव और क्रिकेटिंग समझ का मुंबई इंडियंस सही तरीके से इस्तेमाल नहीं कर रही है।
हाल ही में कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ मिली हार के बाद, मनोज तिवारी ने रोहित शर्मा को केवल एक ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ (Impact Player) के रूप में इस्तेमाल करने और उन्हें मैदान पर क्षेत्ररक्षण (fielding) के लिए न उतारने की रणनीति की कड़ी आलोचना की। तिवारी के अनुसार, रोहित शर्मा जैसे अनुभवी खिलाड़ी को डगआउट में बिठाकर रखना टीम के लिए एक बड़ी भूल साबित हो रही है।
KKR के खिलाफ मिली हार ने खोली मुंबई इंडियंस की पोल
यह विवाद बुधवार को ईडन गार्डन्स पर कोलकाता नाइट राइडर्स और मुंबई इंडियंस के बीच खेले गए मुकाबले के बाद और गहरा गया। बारिश से प्रभावित इस मैच में पिच पर नमी थी, जिसका गेंदबाजों ने भरपूर फायदा उठाया। कोलकाता नाइट राइडर्स के कप्तान अजिंक्य रहाणे ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया, और उनका यह फैसला तुरंत सही साबित हुआ।
मुंबई इंडियंस की पारी की शुरुआत बेहद खराब रही। कैमरन ग्रीन ने तीसरे ओवर में ही रयान रिकेल्टन और नमन धीर को पवेलियन का रास्ता दिखा दिया। इसके बाद, बाएं हाथ के तेज गेंदबाज सौरभ दुबे ने पावरप्ले के भीतर ही रोहित शर्मा और सूर्यकुमार यादव दोनों को आउट कर मुंबई इंडियंस की कमर तोड़ दी। पावरप्ले समाप्त होने तक मुंबई इंडियंस का स्कोर 46 रन पर 4 विकेट हो गया था।
इसके बाद तिलक वर्मा और कप्तान हार्दिक पांड्या भी पारी को कोई गति देने में पूरी तरह नाकाम रहे। तिलक वर्मा ने 32 गेंदों में केवल 20 रन बनाए और उन्हें कार्तिक त्यागी ने आउट किया। वहीं, हार्दिक पांड्या भी संघर्ष करते नजर आए; उन्होंने 27 गेंदों में 26 रन बनाए। केकेआर के मिस्ट्री स्पिनर सुनील नारायण ने अपनी जादुई गेंदबाजी का प्रदर्शन करते हुए 4 ओवरों में मात्र 13 रन दिए और हार्दिक पांड्या का महत्वपूर्ण विकेट हासिल किया। अंत में, कॉर्बिन बॉश के नाबाद 32 रनों की बदौलत मुंबई इंडियंस किसी तरह 147 रनों के सम्मानजनक स्कोर तक पहुंच सकी।
मनीष पांडे की शानदार वापसी और KKR की जीत
148 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी कोलकाता नाइट राइडर्स की शुरुआत भी आसान नहीं रही। मुंबई इंडियंस के गेंदबाजों ने शुरुआती ओवरों में टेस्ट मैच जैसी फील्डिंग सजाकर दबाव बनाया। दीपक चाहर ने पहले ही ओवर में फिन एलन को आउट कर मुंबई को बड़ी सफलता दिलाई।
इसके बाद इस सीजन में अपना पहला मैच खेल रहे अनुभवी बल्लेबाज मनीष पांडे नंबर 3 पर बल्लेबाजी करने आए। पांडे ने शुरुआती संकट का सामना किया और अजिंक्य रहाणे के साथ 38 रनों की साझेदारी की। कॉर्बिन बॉश ने रहाणे और कैमरन ग्रीन को जल्दी-जल्दी आउट कर मुंबई की वापसी कराने की कोशिश की। लेकिन मनीष पांडे ने जिम्मेदारी से खेलते हुए रोवमैन पॉवेल के साथ 64 रनों की शानदार साझेदारी की। पांडे को आखिरकार जसप्रीत बुमराह ने आउट किया, लेकिन तब तक मैच केकेआर की पकड़ में आ चुका था। मनीष पांडे ने 33 गेंदों में 45 रनों की बेहतरीन पारी खेली, जिसके लिए उन्हें ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ चुना गया। पॉवेल, तेजस्वी दहिया और रिंकू सिंह ने मिलकर टीम को आसानी से जीत की दहलीज के पार पहुंचा दिया।
रोहित शर्मा को ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ बनाने पर भड़के मनोज तिवारी
मैच के बाद क्रिकबज (Cricbuzz) से बातचीत करते हुए मनोज तिवारी ने रोहित शर्मा को लगातार मैदान से बाहर रखने और उन्हें केवल इम्पैक्ट प्लेयर के रूप में इस्तेमाल करने की रणनीति पर गंभीर सवाल उठाए। साल 2024 में रोहित शर्मा को कप्तानी से हटाए जाने के बाद से मुंबई इंडियंस लगातार उन्हें इम्पैक्ट प्लेयर के रूप में अंदर-बाहर करती आ रही है। हालांकि यह रणनीति हर मैच में नहीं अपनाई गई, लेकिन अधिकांश मैचों में ऐसा ही देखने को मिला है।
तिवारी ने इस बात पर गहरी नाराजगी जताई कि रोहित शर्मा जैसे दिग्गज को मैच के बड़े हिस्से में डगआउट में बैठना पड़ता है। उन्होंने कहा, “मुंबई इंडियंस मैदान पर गलत खिलाड़ियों को गलत पोजीशन पर फील्डिंग के लिए रख रही है। आज हमने देखा कि स्लिप में कॉर्बिन बॉश ने एक कैच छोड़ दिया। इससे पहले, पंजाब किंग्स (PBKS) के खिलाफ नमन धीर ने भी एक कैच टपकाया था। मैं बार-बार इसी बात पर वापस आता हूं – जब आपके पास रोहित शर्मा जैसा अनुभवी खिलाड़ी कैंप में मौजूद है, जो खुद कप्तान रह चुका है, तो आपको स्लिप क्षेत्र की चिंता करने की जरूरत ही नहीं होनी चाहिए। रोहित उन कैचों को आसानी से पकड़ सकते हैं, है ना?”
तिवारी ने आगे कहा, “यदि हार्दिक पांड्या को कप्तानी में किसी मदद की आवश्यकता है, तो रोहित मैदान पर रहकर उनकी मदद भी कर सकते हैं। फिर उनका उपयोग क्यों नहीं किया जा रहा है? आप रोहित शर्मा को डगआउट में क्यों बैठा रहे हैं? यह मेरी समझ से बिल्कुल परे है।”
रोहित की विरासत का पतन और नए कप्तान की भविष्यवाणी
मनोज तिवारी ने मुंबई इंडियंस प्रबंधन पर रोहित शर्मा की कप्तान के रूप में बनाई गई शानदार विरासत (Legacy) को बर्बाद करने का भी आरोप लगाया। याद दिला दें कि आईपीएल 2024 से पहले मुंबई इंडियंस ने गुजरात टाइटंस से हार्दिक पांड्या को ट्रेड किया था और रोहित शर्मा की जगह उन्हें टीम का नया कप्तान नियुक्त किया था।
इस बदलाव के बाद से मुंबई इंडियंस का प्रदर्शन लगातार खराब रहा है। साल 2024 में मुंबई इंडियंस अंक तालिका में सबसे निचले यानी 10वें स्थान पर रही थी। हालांकि 2025 में टीम ने प्लेऑफ के लिए क्वालीफाई किया, लेकिन इस साल पांच बार की चैंपियन टीम एक बार फिर से अंतिम दो स्थानों पर समाप्त होने की कगार पर खड़ी है। गौरतलब है कि मुंबई इंडियंस ने अपने इतिहास की सभी पांचों ट्रॉफियां रोहित शर्मा की ही कप्तानी में जीती हैं।
रोहित की स्थिति पर दुख व्यक्त करते हुए तिवारी ने कहा, “रोहित शर्मा पिछले तीन वर्षों में अपनी बनाई हुई विरासत को अपनी आंखों के सामने बिखरते हुए देख रहे हैं, और यह निराशा उनके चेहरों के हाव-भाव से भी साफ झलकती है जब वह डगआउट में बैठते हैं। वह जानते हैं कि अगर वह मैदान पर कप्तान के रूप में होते, तो वे ऐसे फैसले कभी नहीं लेते। मैंने पहले भी कहा था कि रोहित को कप्तानी से हटाना एक गलत फैसला था, और अब परिणाम सबके सामने हैं।”
अंत में, मनोज तिवारी ने मुंबई इंडियंस के भविष्य के नेतृत्व को लेकर एक बड़ी भविष्यवाणी की। उन्होंने कहा, “पिछले 3 सालों में वे केवल एक बार ही प्लेऑफ के लिए क्वालीफाई कर पाए हैं। इसलिए, मैं 200 प्रतिशत आश्वस्त हूं कि हमें अगले सीजन में मुंबई इंडियंस का एक नया कप्तान देखने को मिलेगा, चाहे वह सूर्यकुमार यादव हों या फिर जसप्रीत बुमराह।”
